ऐरो (Arrow): एक चीनी मित्र (या शत्रु?) पिछले साल इशा आश्रम (कोयंबटूर) में एक चीनी नवयुवक से मुलाक़ात हुई, नाम था ऐरो। 19 साल का एक सौम्य, हंसमुख, जोशीला, और विचारशील लड़का। मैंने पूछा, "ईशा किस... CONTINUE READING...
सही चीज़ों का चुनाव कुछ महीनों पहले मैंने एक कविता लिखी: "प्यार की लहर"। कविता का भाव था कि जीवन के समुंदर में प्रेम एक लहर जैसा है जो कभी भी उठ जाती है, और कभी भी गिर जाती है... CONTINUE READING...
प्यार की लहर ये प्यार भी एक लहर ही है
जब उठ जाए तो उठ जाए
तुम डरना मत
बस चढ़ जाना इस पर...
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अलविदा वह चल दिए मुस्कुरा कर अपनी मंज़िल की ओर,
न पूछी हमसे हमारी मर्ज़ी, भला यह भी था कोई तौर
उनको रोक लेने का थाम लेने का मन था सबका पर शायद वह बना ...
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सबके प्रति आदर भाव आज सुबह भूल से मैंने उस दरी को ठोकर मार दी जिस पर मैं सोता हूं, तो मैंने उसके पैर पड़े, वैसे ही जैसे बचपन में किसी किताब के ज़मीन पर गिर जाने या उसे ठोकर... CONTINUE READING...
प्रेम क्या है ? प्रेम शब्दमात्र में ही एक अजीब सी मिठास है, एक अजीब सा सौंदर्य है, एक अजीब सी शीतलता है । प्रेम शब्द सुनने मात्र से ही हमारे प्राणों में एक तरंग उठने लगती है । प्रेम ने जिसे छू लिया वो तो ... CONTINUE READING...
ऐरो (Arrow): एक चीनी मित्र (या शत्रु?) पिछले साल इशा आश्रम (कोयंबटूर) में एक चीनी नवयुवक से मुलाक़ात हुई, नाम था ऐरो। 19 साल का एक सौम्य, हंसमुख, जोशीला, और विचारशील लड़का। मैंने पूछा, "ईशा किस... CONTINUE READING...
सही चीज़ों का चुनाव कुछ महीनों पहले मैंने एक कविता लिखी: "प्यार की लहर"। कविता का भाव था कि जीवन के समुंदर में प्रेम एक लहर जैसा है जो कभी भी उठ जाती है, और कभी भी गिर जाती है... CONTINUE READING...
प्यार की लहर ये प्यार भी एक लहर ही है
जब उठ जाए तो उठ जाए
तुम डरना मत
बस चढ़ जाना इस पर...
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अलविदा वह चल दिए मुस्कुरा कर अपनी मंज़िल की ओर,
न पूछी हमसे हमारी मर्ज़ी, भला यह भी था कोई तौर
उनको रोक लेने का थाम लेने का मन था सबका पर शायद वह बना ...
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